नई दिल्ली: देशभर में NEET परीक्षा के प्रश्न पत्रों की सुरक्षित और समय पर डिलीवरी के लिए भारतीय वायु सेना (IAF) ने अपनी जिम्मेदारी संभाल ली है। आईएएफ के ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट का उपयोग कर देश के 20 से अधिक प्रमुख स्थानों तक प्रश्न पत्रों को एयरलिफ्ट किया जा रहा है, जिससे परीक्षा सामग्री की सुरक्षा और गोपनीयता सुनिश्चित की जा सके।
सामान्यतः ऐसे संवेदनशील दस्तावेजों की लॉजिस्टिक्स में अनेक चुनौतियाँ होती हैं, खासकर जब उन्हें देश के दूर-दराज और दुर्गम इलाकों तक पहुँचाना होता है। आईएएफ ने इस कार्य के लिए अपने विशेष रूप से प्रशिक्षित Mi-17 हेलिकॉप्टर्स का उपयोग किया है, जो मुख्य वायु अड्डों से प्रश्न पत्रों को लेकर अपेक्षाकृत कठिन मार्गों से होकर उन इलाकों तक पहुँचाते हैं, जहां सड़क या अन्य परिवहन सुविधाएं सीमित हैं।
परीक्षा अधिकारी और शिक्षा मंत्रालय के अधिकारियों ने इस त्वरित और सुरक्षित वितरण व्यवस्था की प्रशंसा की है, जो यह सुनिश्चित करती है कि परीक्षा के प्रश्न पत्र किसी भी प्रकार की असुरक्षा या लीक हुए बिना समय पर सभी निर्दिष्ट जगहों पर पहुंच जाएं। इस प्रयास से परीक्षा की विश्वसनीयता और निष्पक्षता बनी रहती है, जो अब बड़े पैमाने पर राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित NEET जैसी परीक्षाओं के लिए अत्यंत जरूरी है।
भारतीय वायु सेना की इस पहल के पीछे मुख्य लक्ष्य केवल समय पर वितरण ही नहीं है, बल्कि परीक्षा प्रक्रिया को पूरी तरह से पारदर्शी और सुरक्षित बनाना भी है। इस तकनीकी समर्थ और कुशल लॉजिस्टिक व्यवस्था के कारण परीक्षा अधिकारियों को इन प्रश्न पत्रों की घर से लेकर परीक्षा केंद्र तक की निगरानी एवं सुरक्षा में भी बेहतरीन सुविधा मिलती है।
इस वर्ष NEET के आयोजन को लेकर तैयारियों को लेकर शिक्षा मंत्रालय ने पूर्ण रूप से आश्वस्तता जताई है और बताया है कि परीक्षा केंद्रों पर कोरोना महामारी के दौरान भी सभी स्वास्थ्य सुरक्षा प्रोटोकॉल का पूरा पालन होगा। अतः वायुसेना द्वारा प्रश्न पत्रों की डिलीवरी में सुरक्षा और समयबद्धता को प्राथमिकता देने से छात्रों और अभिभावकों के मन में परीक्षा को लेकर विश्वास और संतोष बना रहेगा।
इस प्रकार, भारतीय वायु सेना की सक्रिय भागीदारी और उन्नत ट्रांसपोर्ट मशीनरी के जरिए NEET प्रश्न पत्रों का देश के हर कोने तक सुरक्षित पहुंच सुनिश्चित हो पा रही है, जो कि एक बड़ी सफलता के रूप में देखी जा रही है।














