नई दिल्ली। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के ताजा ओन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम को लेकर हाल ही में तीखी आलोचनाएं सामने आई हैं। यह नई तकनीक छात्रों के उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के तरीके को बदलने का प्रयास है, लेकिन इसकी विश्वसनीयता और प्रभावशीलता पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
ओन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम क्या है?
ओन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम में परीक्षार्थियों की कापियों को स्कैन करके डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपलोड किया जाता है। इसके बाद शिक्षक अपने कंप्यूटर स्क्रीन पर ही उत्तरकिताबों का मूल्यांकन करते हैं। पारंपरिक पेन-पेपर जाँच की बजाय यह तकनीक तेजी और पारदर्शिता लाने का दावा करती है।
इस प्रणाली का इतिहास और सफलता के अनुभव
ओन-स्क्रीन मार्किंग का प्रयोग विश्व के कई देशों में हो चुका है। यूके और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में इस प्रणाली को सफल माना गया है क्योंकि इससे मूल्यांकन में मानवीय त्रुटि और पक्षपात की संभावना कम होती है। भारत में सीबीएसई ने इसे 2022 में धीरे-धीरे लागू किया।
सीबीएसई ने इसे क्यों लागू किया?
सीबीएसई की मंशा मूल्यांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता, गति और मानकीकरण लाने की थी। बढ़ते छात्रों के दबाव और समय की कमी को देखते हुए डिजिटल मूल्यांकन तंत्र ने शिक्षकों के काम को आसान बनने का वादा किया। साथ ही, विवादों को कम करने का भी उद्देश्य था।
परिणाम और चुनौतियां
हालांकि शुरुआत में इसे काफी सराहा गया, लेकिन हाल के वर्षों में तकनीकी समस्याएं, प्रशिक्षकों की अपर्याप्त ट्रेनिंग, तथा मूल्यांकन के प्रति भ्रामक निष्कर्ष विवादों का कारण बने। कई अभिभावक और छात्र अनियमितताओं और गलत अंक निर्धारण की शिकायत कर चुके हैं। इस वजह से सिस्टम की विश्वसनीयता पर सवाल उठे हैं।
सीबीएसई की प्रतिक्रिया
समालोचनाओं के पश्चात सीबीएसई ने कई कदम उठाए हैं। उन्होंने मूल्यांकन प्रक्रिया की समीक्षा की है, शिक्षकों के लिए अतिरिक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किए हैं, और तकनीकी खामियों को दूर करने का आश्वासन दिया है। बोर्ड ने यह भी कहा है कि मूल्यांकन के पारदर्शी और उचित होने को लेकर वे पूरी तरह समर्पित हैं एवं आवश्यक सुधार करते रहेंगे।
अंततः, ओन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम शिक्षा जगत में नई तकनीक का परिचायक है, लेकिन इसे और बेहतर और विश्वसनीय बनाने के लिए निरंतर प्रयास और समुचित निगरानी की आवश्यकता है। तभी यह प्रणाली अपने लक्ष्यों को सफलतापूर्वक पूरा कर सकेगी।














