सीरत कमेटी द्वारा विशेष कार्यशाला का आयोजन
रायपुर। सामाजिक काउंसलिंग सेंटर के अंतर्गत सीरत कमेटी द्वारा बुज़ुर्गों के अधिकार एवं सम्मान विषय पर एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यशाला विशेष रूप से उन बुज़ुर्गों के लिए आयोजित की जा रही है, जो अपने ही परिवार में उपेक्षा, प्रताड़ना अथवा मानसिक पीड़ा का सामना कर रहे हैं।
सीरत कमेटी का उद्देश्य ऐसे बुज़ुर्गों का आत्मसम्मान, अधिकार और सुरक्षा पुनः स्थापित करना है। कमेटी का मानना है कि बुज़ुर्ग समाज की अमूल्य धरोहर हैं और उनका सम्मान व संरक्षण प्रत्येक परिवार और समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए यह कार्यशाला 20 दिसंबर, सुबह 11:00 बजे, नूरूसुब्ह हॉल, (अंजुमन स्कूल) शास्त्री बाज़ार में आयोजित की जाएगी। यह कार्यक्रम केवल बुज़ुर्गों के लिए निर्धारित किया गया है।
कार्यशाला में निम्नलिखित महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी जाएगी—
भारतीय कानून में बुज़ुर्गों के अधिकार
परिवार द्वारा प्रताड़ित बुज़ुर्गों के लिए कानूनी उपाय
सीनियर सिटिजन एक्ट 2007 के अंतर्गत मिलने वाली सुरक्षा
इस्लाम में बुज़ुर्गों के सम्मान एवं अधिकारों से संबंधित शिक्षाएँ
वास्तविक मामलों में सीरत कमेटी द्वारा प्रदान की जाने वाली कानूनी सहायता
कार्यक्रम में कानूनी विशेषज्ञ, प्रशासनिक अधिकारी एवं दीन के आलिम उपस्थित रहकर बुज़ुर्गों को मार्गदर्शन देंगे तथा उनके प्रश्नों का समाधान करेंगे।
सीरत कमेटी के सदर नें बताया की हमारे इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बुज़ुर्गों का सम्मान वापस दिलाना, उनके कानूनी अधिकारों की रक्षा करना तथा उन्हें मानसिक, सामाजिक और कानूनी सहयोग प्रदान करना है। आवश्यकता पड़ने पर कमेटी बुज़ुर्गों के साथ पूरी कानूनी लड़ाई में खड़ी रहती है।
जारीकर्ता मीडिया प्रभारी शहर सीरतुन्नबी कमेटी शेख शकील 9300201910 अब्दुल नादिर ख़ान 91093 35596 है।
















Add Comment